सपनों अक्सर हर इंसान देखता है. लेकिन हमेशा खुद के देखे सपने पूरे हो जाएं जरूरी नहीं होता. ऐसी ही एक कहानी है केरल के कासरगोड़ जिले में मौजूद पनाथाड़ी गाँव की रहने वाली 42 साल की कुसुमवती कि, जिन्होंने एक सपना देखा था कि, वो बड़े होकर वो एक […]

‘सोनागाछी’ बंगाल का एक जिला है, जिसका नाम सुनते ही लोग चुप—चुप—चुप कहने लगते हैं। क्योंकि पश्चिम बंगाल का यह जिला जिस कारण से फेमस है उसे हमारे समाज में नीच, गंदा और बुरा काम माना जाता है। लेकिन समाज की इसी सोच के कारण यहां रहने वाली एक बड़ी […]

11 फरवरी, यूनाइटेड नेशन की ओर से ‘इंटरनेशनल डे ऑफ वुमेन एंड गर्ल्स इन साइंस’ के रुप में मनाया जाता है। इस दिन को सेलिब्रेट करने से मतलब यह है कि, महिलाओं की भागीदारी को साइंस के क्षेत्र में बढ़ाया जा सके। इस क्षेत्र में उनकी भागीदारी को लेकर जेंडर […]

भारतीय परंपरा में महिलाओं का स्थान पुरूषों से ऊपर माना गया है। हर एक शास्त्र में महिलाओं के सम्मान में बहुत सी बाते कही गईं है। जैसे कि, जहां नारी का सम्मान नहीं वहां भगवान का वास नहीं इत्यादि। लेकिन जब हम समाज के अंदर देखते हैं तो, पितृसत्ता का […]

हमारे देश में चलन बहुत अहमियत रखता है, क्योंकि हमारे यहां ये चलन ही होता है जो लोगों का नजरिया बन जाता है और उसे भी भूनाते हैं, हमारे बॉलीवुड से जुड़ी हस्तियां यानि डायरेक्टर, प्रोड्यूसर और पर्दे पर उसे दिखाने वाले एक्टर, एक्ट्रैस। क्योंकि आज के दौर में जितनी […]

कमांडो, ये नाम सुनते ही समझ में बस एक बात आती है ‘वैसी फोर्स जिसके लिए कुछ भी नामुमकिन नहीं है’, वो फोर्स जो हर काम को कर सकती है, कैसी भी स्थिति में रह सकती है और भी ना जाने क्या-क्या। लेकिन इन चीजों के साथ एक मिथ यह […]

क्रिकेट, फुटबॉल और हॉकी इन खेलों को तो हम सब टीवी पर जरूर देखते हैं। और हमारे देश के लोगों में तो क्रिकेट का क्रेज अलग ही लेवल पर देखने को मिलता है। जिसके चलते हम सब कुछ समय के लिए दिन में मोबाइल और टीवी से चिपकने के लिए […]

आज 3 जनवरी का दिन है। ऐतिहासिक रूप से आज का दिन काफी महत्वपूर्ण माना जाता है। ऐसा क्यों? तो ऐसा इसलिए क्योंकि आज के दिन समाज में एक परिवर्तन की नींव ऊपरवाले ने रख दी थी। जिसका परिणाम आगे के कुछ सालों में एक बड़े बदलावों के साथ दिखा। […]

कहते हैं, बिना मकसद कोई भी इंसान दुनिया में ऐसे हैं, जैसे कोई निर्जीव वस्तु. इसलिए हर किसी का अपना एक अलग मकसद, अलग मुकाम होता है. जिसको वो इंसान पाने के लिए अपना पूरा जोर लगा देता है. क्या पुरूष, क्या महिला हर कोई. लेकिन जब कभी हम गौर […]

कभी किसी दर्जी की दुकान पर गए हैं? आप कहेंगे कि, कैसा सवाल है। वहां तो आना-जाना लगा ही रहता होगा क्योंकि, कपड़े जो सिलवाने होते हैं। खैर आप अगर कभी दर्जी के पास कपड़ा लेकर जाते हैं तो वो कपड़े मीटर के हिसाब से चौकोरा होता है। लेकिन दर्जी […]