रास्ते से गुजरते किसी बोर्ड पर, किसी होर्डिंग पर, किताबों पर या फिर पेड़ पौधों के सुरक्षा कवच पर हम हमेशा से पढ़ते हैं कि, वन नहीं तो जन नहीं, वृक्ष लगाओ जीवन बचाओ….और पढ़कर इन्हें नज़रअंदाज कर देते हैं. जिसकी महज़ एक वजह है कि हमें पढ़कर भूलने की […]

पिछले कुछ सालों से जिस तरह दुनिया पानी की किल्लत का सामना कर रही है। उससे ये साफ जाहिर होता है कि, आने वाले कुछ सालों में ये परिस्थितियां और भी ज्यादा बद्तर होने वाली है। हालांकि, बात अगर अपने देश की करें, तो हर छोटी से बड़ी संस्था लोगों […]