‘अमेरिका गॉट टैलेंट’ के चैंपियन ‘V.unbeatable’ की भावुक कहानी

‘अमेरिका गॉट टैलेंट : द चैम्पियंस’ के फाइनल को लेकर जैसे ही इस शो के सोशल मीडिया पेज पर एक फोटो आई अमेरिका संग भारत में भी इस शो के चाहने वालों के बीच खुशी की लहर दौड़ गई। भारत में इस जीत का अब जश्न आम और खास सभी लोग मना रहे हैं और जीतने वाली टीम को बधाई दे रहे है। साथ ही कह रहे हैं ‘We Proud of You Because You Made India Proud’. दरअसल अमेरिका गॉट टैलेंट के इस सीजन में भारत का टैलेंट बाजी मारकर स्वदेश लौट आया है। जिस टीम ने इस विक्ट्री को अपने नाम किया है उस टीम का नाम है V.unbeatable. वी अनबीटेबल को अंतर्राष्ट्रीय मंच पर यह गौरव प्राप्त हुआ और इस ग्रुप ने देश के टैलेंट का लोहा पूरी दुनिया में मनवाया है। इस टीम को जीत की बधाई देते हुए ‘अमेरिका गॉट टैलेंट’ ने अपने पेज पर लिखा है “आपकी इस नई जीत के लिए बधाई। #AGTChampions

अमेरिका गॉट टैलेंट : द चैम्पियंस’ जैसे इंटरनेशनल शो में भारतीय ग्रुप की जीत की खबरों ने लोगों के बीच इस बात को लेकर उत्सुकता पैदा कर दी है कि, आखिर ये लोग कौन है जिन्होंने इस कारनामें को किया? लोग इस टीम के सफर के बारे में जानना चाहते हैं। वे चाहते हैं कि, वे इस टीम की कहानी को जाने। ऐसे में हमने सोचा आपको इस टीम के बारे में बताया जाए। V.unbeatable ने फाइनल में पंक रॉक एक्ट ब्लिंक 182 के ड्रमर ट्रैविस बार्कर के संग जो प्रफॉर्मेंस दिया, उसने सबको हैरत में डाल दिया। V.unbeatable के मेंबर्स ने कई सारे हैरतअंगेज स्टंट किए, जिसे देख दर्शक भी रोमांचित हो उठे। इस वीडियो में यह दिख जाता है कि आखिर क्यों यह टीम इस ट्रॉफी को अपने नाम करने में सफल रही। जज होवी मंडल, साइमन कोवेल, हेइडी क्लम और एलेशा डिक्सन इस टीम के प्रफॉर्मेंस को देख कर ऐसे खड़े हो जाते हैं जैसे जो वो देख रहे हैं उसपर उन्हें विश्वास नहीं हो रहा।

आप भी इस प्रफॉर्मेंस को देखिए :— https://twitter.com/AGT/status/1229888321427402752

V.unbeatable

“V.unbeatable” के बनने की कहानी

V.unbeatable आज पूरी दुनिया में फेमस हो चुकी है। लेकिन असल में यह सफलता एक रात की नहीं है। इसके पीछे कड़ी मेहनत है तो वहीं एक सपना है और है उस सपने के लिए सिद्दत वाली चाहत और इसी सिद्दत वाली चाहत ने इस टीम को अमेरिका गॉट टैलेंट का विनर बना दिया। V.unbeatable के लीडर हैं ओमप्रकाश। इस जीत पर ओमप्रकाश ने कहा कि ‘इस मुकाम तक पहुंचने का उनका सफर आसान नहीं रहा और यह कई तरह के प्रॉब्लम से भरा हुआ था’। कहते हैं कि, सफलता हर किसी को दिखती है लेकिन इस सफलता के पीछे की मेहनत, सफलता को पाने की लगन, उसके लिए किए गए काम, हर पल खुद के अंदर विश्वास जगा के रखने वाली डेडिकेशन किसी को नही दिखती। ओमप्रकाश का सफर भी पर्दे के पीछे कुछ ऐसा ही रहा है।

“बेटा मैं ये नहीं कहूंगा कि तुम मत पढ़ो, पर मुझे डर है कि मैं तुम्हारी स्कूल की फीस टाइम पर नहीं भर सकूंगा।”

यह शब्द एक दशक पहले उत्तर प्रदेश के एक छोटे से गांव मसीनागाँव में साइकल मरम्मत की दुकान चलाने वाले शंकर चौहान ने अपने बेटे से कहा था। उनके बेटे का नाम ओम प्रकाश है। अपने बेटे से शंकर ने यह बात साफ कह दी थी कि, उनके पास इतना पैसा नही है कि, वो उसकी पढ़ाई का खर्च और घर की जिम्मेदारी दोनों एक साथ चला सकें। पिता की ओर से यह बात सुनने के बाद ओमप्रकाश को छोटी उम्र में ही काम करने के लिए गांव से बाहर निकलना पड़ा। ओम प्रकाश मुंबई आ गया। यहां उसे एक ग्लास फैक्ट्री में काम मिल गया जहां उसे 5000 रुपये मिलते थे। पैसे बचाने के लिए, वह कारखाने में सोता था और खाना भी वहीं खाता था और जो पैसे बच जाते थे उसे अपने घर भेज देता था।

इसी दौरान ओमप्रकाश की नज़र फैक्ट्री के बाहर के पार्क पर पड़ी जहां बच्चों का एक ग्रुप डांस प्रैक्टिस करने के लिए आता था। ओमप्रकाश को भी डांस का शौक था तो वो भी इनके साथ हो लिया। यहीं पर ओमप्रकाश की मुलाकात विकास से हुई और दोनों ने एक साथ एक सपना देखा अपना खुद का एक डांस ग्रुप बनाने का। यहीं से V.unbeatable की शुरूआत हुई। वी अनबीटेबल मुंबई की झुग्गियों में रहने वाले 29 से भी ज़्यादा बच्चों का डांस ट्रूप है जिसमें 12 से 27 साल के युवा शामिल हैं।

V.unbeatable

विकास का सपना जी रही है “V.unbeatable” डांस ट्रूप

ओमप्रकाश और विकास ने मिलकर इस डांस ट्रूप का शुरू किया था। विकास का एक सपना था कि वो इस ग्रुप को हर एक बड़े रियलीटी शो तक लेकर जाए और अपने डांसिंग ट्रूप का परचम उस शो में लहराए। लेकिन उसका यह सपना पूरा होने से पहले ही उसके साथ एक बड़ी दुर्घटना हो गई। एक बार डांस प्रैक्टिस के समय विकास एक एक्सीडेंट का शिकार हो गया। इससे उनकी बॉडी पैरेलाइज हो गई। डॉक्टरों की कोशिशों के बाद भी विकास की जान नहीं बची। विकास तो नहीं रहा लेकिन उसका बनाया हुआ डांसिंग ट्रूप था जो उसी के सपने को जीता था। इस टीम ने विकास के सपने को अपना लक्ष्य बनाया और जब भी ये कोई डांस करते हैं तो वो डांस अपने दोस्त अपने मेंटर विकास को श्रद्धांजलि देने के लिए डांस करते हैं। इस टीम के हर मेंबर्स के ड्रेस के पीछे ‘विकास’ नाम लिखा होता है। वहीं इस टीम का नाम ‘वी अनबीटेबल’ है जिसमें वी का मतलब विकास है। 

आम तौर पर जब डांस की बात आती है तो ज्यादात्तर लोग सोचते हैं कि, इसके लिए डांस क्लास ज्वाइन करना होगा और जिसके लिए पैसे खर्च होंगे। कई बार इसी कारण से बहुत से डांस के शौकीन बच्चे इसमें अपना करियर बनाने के बारे में नहीं सोच पाते। वहीं एक और टैबू यह है कि डांस में भी अच्छी ट्रेनिंग और ट्रेनर वाले बच्चे ही आगे जाते हैं। लेकिन इस ग्रुप ने अपनी इस जीत से हर टैबू को तोड़ दिया है। इस ग्रुप का हर एक मेंबर स्लम एरिया में रहते हैं और कइयों की तो लाइफ ऐसी है कि, कोई सोच तक नहीं सकता। ज्यादात्तर की माली हालत खराब है और एक ही कमरे में 6-7 लोगों के संग रहने वाले हैं। लेकिन जब यह ग्रुप जब स्टेज पर पहुंचता है तो ये अपनी हर उस प्रॉब्लम को दूर छोड़ देते हैं जो ये रोज फेस करते हैं। बस जुबां से गणपति बप्पा मोरया का नारा निकलता है और फिर जो डांस फ्लोर पर धमाल मचता है उसे देख दुनिया दांतो तले अपनी उंगलियां दबाती है।

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